शराबी सफाईकर्मी की उदासीनता से गन्दगियों का लगा अम्बार
10 वर्षों से बिना आबादी वाले गांव में कर रहा काम!
जौनपुर। जनपद के धर्मापुर विकास खण्ड अन्तर्गत ग्राम पंचायत समोपुर कला के राजस्व गांव चक गोपालपुर के नाम से जाना—पहचाना जाता है जहां कोई आबादी नहीं है, फिर भी वहां 10 वर्षों से मनबढ़ एवं शराबी सफाईकर्मी शासन—प्रशासन की आंख में धूल झोंक करके हर महीने हजारों रूपये वेतन ले रहा है। सूत्रों की मानें तो उस गांव में कोई आबादी नहीं है और न ही वहां कोई सफाईकर्मी की जरुरत है, फिर भी विभागीय अधिकारी अपनी सांठ—गांठ बनाकर उक्त गांवसभा में फॉर्मेलिटी के रूप में ड्यूटी लगवाकर सरकार से नाजायज पैसा ले रहे हैं, फिर भी ब्लॉक से लेकर जिले स्तर तक किसी अधिकारी का ध्यान नहीं जा रहा है।
जानकारी के अनुसार विनोद यादव नामक सफाईकर्मी राजस्व गांव में कभी—कभी जाकर अपनी शक्ल दिखाते हुये दूसरे गांव में शराब और कबाब के चक्कर में अड्डा जमा करके हंगामा करता है। जब इस संदर्भ में ग्राम प्रधान से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि उस गांवसभा में कोई आबादी नहीं है। ऐसे में वहां किसी सफाईकर्मी का रहना उचित नहीं है। वहीं नागरिकों ने बताया कि समोपुर और पाण्डेपट्टी में कुछ सफाईकर्मी ऐसे हैं जिनके चलते गांव में कोई सफाई न होने से सार्वजनिक स्थान से लेकर खड़ंजा—नाली पर गन्दगी का अम्बार लगा हुआ है जबकि खण्ड विकास अधिकारी धर्मापुर ने निर्देशित किया है कि हर सफाईकर्मी अपने गांवसभा में सफाई पर विशेष ध्यान दें। गांव के नाली सार्वजनिक स्थल को साफ सुथरा रखें। वहीं कुछ सफाईकर्मी अपने काम पर ध्यान रखते हुये काम तो कर रहे हैं परन्तु विनोद यादव नामक सफाईकर्मी कभी काम करते हुये देखा ही नहीं गया। ऐसे सफाईकर्मी को अगर ब्लॉक से हटाया नहीं गया तो आने वाले समय में इसके कारनामों को देखते हुये जनता के बीच कुछ भी होने से इनकार नहीं किया जा सकता है।
इस दौरान सफाईकर्मी विनोद यादव अपने आपको सफाईकर्मी का अध्यक्ष बताकर धौंस जमाता है। स्थिति को देखते हुये उक्त सफाईकर्मी को ब्लॉक से हटाने के लिये नागरिकों ने खण्ड विकास अधिकारी सहित पंचायत राज अधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी से मांग करते हुये कहा कि ऐसे शराबी सफाईकर्मी को निष्कासित करते हुये किसी साफ—सुथरे सफाईकर्मी को गांवसभा में भेजा जाय। फिलहाल देखना यह है कि शासन—प्रशासन ऐसे सफाईकर्मी पर ध्यान देती है कि नहीं?
